Sat, 29 Oct 2022

भारत का वो बदनसीब क्रिकेटर जिसका 2 सालों में ही खत्म हो गया क्रिकेट करियर, शुरुआती 4 टेस्ट में जड़े थे दो दोहरे शतक

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केवल हुनर होना ही काफी नहीं होता, उसे संभालना भी पड़ता है. कई बार खिलाड़ी अपने हुनर को संभाल नहीं पाते और उनका करियर खत्म हो जाता है. बहुत से ऐसे क्रिकेटर हुए हैं, जिन्होंने जब अपना करियर शुरू किया तो खूब धमाल मचाया. लेकिन उनका करियर कुछ ही समय में खत्म हो गया. ऐसा ही कुछ विनोद कांबली के साथ भी हुआ था, जो सचिन तेंदुलकर के खास दोस्त हैं. 

21 साल की उम्र में ही विनोद कांबली ने पहले सात टेस्ट मैचों में दो दोहरे शतक और दो शतक जड़ दिए थे. उनके यह आंकड़े साबित करते हैं कि वह कितने बेहतरीन बल्लेबाज थे. लेकिन फिर भी उनका करियर केवल दो ही साल में खत्म हो गया, जिसकी वजह थी उनकी खराब फॉर्म और उनका अनुशासनहीन और बिगड़ैल रवैया. 

विनोद कांबली बेहद गरीब परिवार से ताल्लुक रखते थे. विनोद कांबली ने बेहद कम उम्र में ही क्रिकेट खेलना शुरू कर दिया था. स्कूल क्रिकेट के दौरान ही विनोद कांबली की सचिन से दोस्ती हुई थी. सचिन के साथ ही कांबली ने अपना डेब्यू मैच खेला था. विनोद कांबली ने 1993 में अपना पहला टेस्ट मैच खेला था. उन्होंने पहले चार टेस्ट में दोहरे शतक जड़ दिए थे. उनका फुटवर्क बहुत ही बेहतरीन था. 

लेकिन ऐसा कहा जाता है कि वह अचानक मिले स्टारडम को संभाल नहीं सके और उनकी खराब आदतों और बुरे व्यवहार की वजह से उनका करियर खत्म होता चला गया. उनका टेस्ट करियर 2 साल में ही खत्म हो गया और फिर उन्हें वनडे टीम में भी मौके मिलने बंद हो गए.

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